इस ड्रामा में, भारत के आपातकाल के दौर को दिखाया गया है जहां इंदिरा गांधी के नेतृत्व, राजनीतिक दमन और उससे पैदा हुए सामाजिक उथल-पुथल की तस्वीर सामने आती है.